क्या आप JAC Class 10 Hindi के “सूरदास ” MCQ (Objective Questions) with Answers खोज रहे हैं? आप बिल्कुल सही जगह पर हैं! JAC Exam Prep पर आपको “सूरदास ” पाठ के महत्वपूर्ण Multiple Choice Questions (MCQs) with Answers मिलेंगे। ये प्रश्न नवीनतम JCERT एवं NCERT पाठ्यक्रम के अनुसार तथा Jharkhand Academic Council (JAC) की परीक्षा को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।
“सूरदास ” के ये MCQs पाठ की कहानी, पात्रों, घटनाओं, लेखक, विषय-वस्तु और महत्वपूर्ण तथ्यों पर आधारित हैं। इन प्रश्नों का अभ्यास करके विद्यार्थी इस पाठ का बेहतर Revision कर सकते हैं, अपनी तैयारी को मजबूत कर सकते हैं और JAC Class 10 Board Exam में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।
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1सूरदास का जन्म किस वर्ष माना जाता है?
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सही उत्तर:A. 1478 ई.
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास का जन्म सन् 1478 में माना जाता है।
2एक मान्यता के अनुसार सूरदास का जन्मस्थान कहाँ माना जाता है?
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सही उत्तर:B. मथुरा के निकट रुनकता या रेणुका क्षेत्र
व्याख्या: पाठ में एक मान्यता के अनुसार सूरदास का जन्म मथुरा के निकट रुनकता या रेणुका क्षेत्र में हुआ माना गया है।
3दूसरी मान्यता के अनुसार सूरदास का जन्मस्थान कहाँ माना जाता है?
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सही उत्तर:C. दिल्ली के पास सीही
व्याख्या: दूसरी मान्यता के अनुसार सूरदास का जन्मस्थान दिल्ली के पास सीही माना जाता है।
4सूरदास किसके शिष्य थे?
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सही उत्तर:B. महाप्रभु वल्लभाचार्य
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास महाप्रभु वल्लभाचार्य के शिष्य थे।
5सूरदास अष्टछाप के कवियों में किस रूप में प्रसिद्ध हैं?
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सही उत्तर:B. सर्वाधिक प्रसिद्ध कवि
व्याख्या: पाठ में सूरदास को अष्टछाप के कवियों में सर्वाधिक प्रसिद्ध बताया गया है।
6सूरदास मथुरा और वृंदावन के बीच किस स्थान पर रहते थे?
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सही उत्तर:B. गऊघाट
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास मथुरा और वृंदावन के बीच गऊघाट पर रहते थे।
7सूरदास श्रीनाथ जी के मंदिर में क्या करते थे?
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सही उत्तर:B. भजन-कीर्तन
व्याख्या: सूरदास गऊघाट पर रहते हुए श्रीनाथ जी के मंदिर में भजन-कीर्तन करते थे।
8सूरदास का निधन किस वर्ष हुआ?
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सही उत्तर:C. 1583
व्याख्या: पाठ के अनुसार सन् 1583 में पारसौली में सूरदास का निधन हुआ।
9सूरदास के निम्नलिखित में से कौन-से तीन ग्रंथ बताए गए हैं?
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सही उत्तर:A. सूरसागर, साहित्य लहरी और सूर सारावली
व्याख्या: पाठ में सूरदास के तीन ग्रंथ सूरसागर, साहित्य लहरी और सूर सारावली बताए गए हैं।
10सूरदास के तीन ग्रंथों में सर्वाधिक लोकप्रिय कौन-सा हुआ?
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सही उत्तर:C. सूरसागर
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास के तीन ग्रंथों में सूरसागर ही सर्वाधिक लोकप्रिय हुआ।
11सूरदास की कविता में किस समाज का दैनिक अंतःरंग चित्र मिलता है?
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सही उत्तर:B. खेती और पशुपालन वाले भारतीय समाज का
व्याख्या: पाठ में कहा गया है कि सूरदास की कविता में खेती और पशुपालन वाले भारतीय समाज का दैनिक अंतःरंग चित्र मिलता है।
12सूरदास की कविता में किसका चित्रण मिलता है?
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सही उत्तर:A. मनुष्य की स्वाभाविक वृत्तियों का
व्याख्या: सूरदास की कविता में मनुष्य की स्वाभाविक वृत्तियों का चित्रण मिलता है।
13सूरदास को मुख्यतः किन रसों का श्रेष्ठ कवि माना जाता है?
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सही उत्तर:C. वात्सल्य और श्रृंगार
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास ‘वात्सल्य’ और ‘श्रृंगार’ के श्रेष्ठ कवि माने जाते हैं।
14कृष्ण और गोपियों का प्रेम किसकी प्रतिष्ठा करता है?
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सही उत्तर:B. सहज मानवीय प्रेम की
व्याख्या: पाठ में स्पष्ट किया गया है कि कृष्ण और गोपियों का प्रेम सहज मानवीय प्रेम की प्रतिष्ठा करता है।
15सूरदास ने मानव प्रेम की गौरवगाथा के माध्यम से सामान्य मनुष्यों को किस बोध से मुक्त किया?
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सही उत्तर:B. हीनता-बोध से
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास ने मानव प्रेम की गौरवगाथा के माध्यम से सामान्य मनुष्यों को हीनता-बोध से मुक्त किया।
16सूरदास की कविता में किस भाषा का निखरा हुआ रूप मिलता है?
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सही उत्तर:C. ब्रजभाषा
व्याख्या: पाठ में सूरदास की कविता में ब्रजभाषा का निखरा हुआ रूप मिलने की बात कही गई है।
17सूरदास की कविता को किस परंपरा की श्रेष्ठ कड़ी बताया गया है?
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सही उत्तर:B. लोकगीतों की परंपरा
व्याख्या: पाठ के अनुसार सूरदास की कविता चली आ रही लोकगीतों की परंपरा की श्रेष्ठ कड़ी है।
18प्रस्तुत पाठ में सूरदास के ‘सूरसागर’ से किस काव्यांश के चार पद लिए गए हैं?
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सही उत्तर:B. भ्रमरगीत
व्याख्या: पाठ में सूरसागर के ‘भ्रमरगीत’ से चार पद संकलित किए गए हैं।
19कृष्ण ने मथुरा जाने के बाद गोपियों के पास संदेश किसके जरिए भेजा?
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सही उत्तर:B. उद्धव के जरिए
व्याख्या: पाठ के अनुसार कृष्ण स्वयं वापस न लौटकर उद्धव के जरिए गोपियों के पास संदेश भेजते हैं।
20उद्धव ने गोपियों को किसका उपदेश देकर उनकी विरह-वेदना शांत करने का प्रयास किया?
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सही उत्तर:B. निर्गुण ब्रह्म एवं योग का
व्याख्या: उद्धव ने गोपियों की विरह-वेदना शांत करने के लिए निर्गुण ब्रह्म एवं योग का उपदेश दिया, लेकिन गोपियों ने इसे स्वीकार नहीं किया।
21‘भ्रमरगीत’ का आरंभ किस घटना के बाद होता है?
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सही उत्तर:C. कृष्ण के मथुरा जाने और उद्धव द्वारा गोपियों को संदेश देने के बाद
व्याख्या: कृष्ण के मथुरा जाने के बाद स्वयं न लौटने पर उद्धव गोपियों के पास संदेश लेकर आते हैं। यहीं से भ्रमरगीत का प्रसंग आरंभ होता है।
22गोपियाँ उद्धव के संदेश को किस कारण पसंद नहीं करती थीं?
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सही उत्तर:B. वह कृष्ण के विरह को और बढ़ाता था।
व्याख्या: उद्धव का निर्गुण ब्रह्म और योग का संदेश गोपियों की विरह-वेदना को शांत करने के बजाय और बढ़ाता था, इसलिए उन्हें यह संदेश पसंद नहीं आया।
23गोपियों ने उद्धव पर व्यंग्य करने के लिए किसका बहाना बनाया?
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सही उत्तर:C. भँवरे का
व्याख्या: पाठ के अनुसार वहाँ एक भँवरा आ पहुँचा। गोपियों ने भँवरे के बहाने उद्धव पर व्यंग्य-बाण चलाए।
24पहले पद में गोपियों की शिकायत किस आधार पर उचित लगती है?
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सही उत्तर:B. यदि उद्धव प्रेम के धागे से बँधे होते तो विरह की पीड़ा को अनुभव कर पाते।
व्याख्या: गोपियाँ कहती हैं कि यदि उद्धव स्नेह के धागे से बँधे होते, तो वे विरह की पीड़ा को अवश्य समझ पाते। इसी आधार पर उनकी शिकायत उचित लगती है।
25दूसरे पद में गोपियों की कौन-सी बात उनके कृष्ण-प्रेम की गहराई प्रकट करती है?
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सही उत्तर:B. उनकी मन की अभिलाषाएँ मन में ही रह गईं।
व्याख्या: कृष्ण के प्रति उनकी अभिलाषाएँ पूरी नहीं हुईं, फिर भी उनका प्रेम समाप्त नहीं हुआ। उनकी इच्छाएँ मन में ही रह गईं, जो प्रेम की गहराई को व्यक्त करता है।
26“अवधि अधार आस आवन की” में ‘अवधि’ का संदर्भ किससे है?
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सही उत्तर:A. कृष्ण के आने की निश्चित अवधि से
व्याख्या: यहाँ ‘अवधि’ कृष्ण के आने की प्रतीक्षित समय-सीमा के संदर्भ में है। गोपियाँ उनके आगमन की आशा को जीवन का आधार मानती हैं।
27“अब इन जोग सँदेसनि सुनि-सुनि” में गोपियों की प्रतिक्रिया कैसी है?
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सही उत्तर:C. वे योग-संदेश से अपनी विरह-वेदना बढ़ती हुई अनुभव करती हैं।
व्याख्या: गोपियाँ स्पष्ट करती हैं कि योग के संदेश सुन-सुनकर उनकी विरह-वेदना और बढ़ रही है।
28“चाहति हुतिं जुरि गहिरी तें, उत तें धार बही” में ‘धार’ किस भाव को व्यक्त करती है?
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सही उत्तर:B. विरह की तीव्र पीड़ा
व्याख्या: यहाँ ‘धार’ गोपियों की तीव्र विरह-वेदना और उनके मन की व्याकुलता को व्यक्त करती है।
29“सूरदास अब धीर धरहिं क्यों” में गोपियाँ धैर्य क्यों नहीं रख पा रही हैं?
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सही उत्तर:B. कृष्ण-वियोग की पीड़ा अत्यंत तीव्र है।
व्याख्या: कृष्ण के वियोग और उनकी बढ़ती हुई विरह-वेदना के कारण गोपियों के लिए धैर्य बनाए रखना कठिन हो गया है।
30तीसरे पद में गोपियाँ कृष्ण को अपने हृदय में किस प्रकार पकड़े होने की बात कहती हैं?
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सही उत्तर:C. जैसे हारिल अपने पंजों में लकड़ी पकड़े रहता है।
व्याख्या: गोपियाँ कृष्ण को हारिल की लकड़ी के समान अपने हृदय में दृढ़ता से पकड़े हुए बताती हैं।
31‘हारिल की लकड़ी’ के संदर्भ में हारिल की कौन-सी विशेषता पाठ में दी गई है?
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सही उत्तर:B. वह अपने पैरों में सदैव एक लकड़ी लिए रहता है और उसे छोड़ता नहीं।
व्याख्या: पाठ की शब्द-संपदा में बताया गया है कि हारिल अपने पैरों में सदैव एक लकड़ी लिए रहता है और उसे छोड़ता नहीं है।
32“मन क्रम वचन नंद-नंदन उर” में गोपियों ने कृष्ण को किन तीन स्तरों पर धारण किया है?
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सही उत्तर:B. मन, कर्म और वचन
व्याख्या: गोपियाँ कृष्ण को मन, कर्म और वचन से अपने हृदय में धारण किए हुए हैं।
33गोपियों के अनुसार वे कृष्ण का स्मरण कब करती हैं?
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सही उत्तर:C. जागते, सोते और स्वप्न में
व्याख्या: पद में गोपियाँ कहती हैं कि वे जागते, सोते और स्वप्न में दिन-रात कृष्ण का नाम रटती रहती हैं।
34गोपियों ने योग-संदेश को ‘करुई ककरी’ के समान क्यों बताया?
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सही उत्तर:B. क्योंकि वह उन्हें अप्रिय और कड़वा लगता था।
व्याख्या: गोपियों के लिए योग-संदेश उनके कृष्ण-प्रेम के विपरीत था। इसलिए उन्होंने उसे कड़वी ककड़ी के समान अप्रिय बताया।
35“सुतौ तौ ब्याधि हमकौं लै आए” के भाव के अनुसार योग-संदेश को गोपियाँ किस रूप में देखती हैं?
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सही उत्तर:B. रोग
व्याख्या: गोपियाँ योग-संदेश को ऐसी वस्तु मानती हैं जो उनके लिए रोग या पीड़ा के समान है, क्योंकि वह उनकी विरह-वेदना को दूर नहीं करता।
36“यह तो सूर तिनहिं लै सौंपौ, जिनके मन चकरी” में गोपियाँ योग का संदेश किन लोगों को देने की बात करती हैं?
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सही उत्तर:C. जिनका मन चंचल है।
व्याख्या: ‘मन चकरी’ का अर्थ चंचल मन है। गोपियाँ कहती हैं कि योग का संदेश ऐसे लोगों को दिया जाए जिनका मन स्थिर नहीं है।
37चौथे पद में गोपियाँ कृष्ण के व्यवहार में क्या परिवर्तन बताती हैं?
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सही उत्तर:B. वे राजनीति पढ़कर अधिक चतुर हो गए हैं।
व्याख्या: “हरि हैं राजनीति पढ़ि आए” के माध्यम से गोपियाँ व्यंग्य करती हैं कि कृष्ण अब राजनीति पढ़कर चतुराई से व्यवहार करने लगे हैं।
38“समुझी बात कहत मधुकर के” में ‘मधुकर’ शब्द किसके लिए प्रयुक्त हुआ है?
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सही उत्तर:B. उद्धव
व्याख्या: ‘मधुकर’ का अर्थ भँवरा है, लेकिन इस पद में गोपियाँ इस संबोधन का प्रयोग उद्धव के लिए करती हैं।
39गोपियाँ उद्धव को “अति चतुर” कहकर किस भाव को व्यक्त करती हैं?
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सही उत्तर:C. व्यंग्य
व्याख्या: गोपियाँ उद्धव की बुद्धिमानी की प्रशंसा वास्तविक रूप से नहीं कर रहीं, बल्कि उनके ज्ञान और योग-संदेश पर व्यंग्य कर रही हैं।
40“राज धर्म तौ यहै ‘सूर’, जो प्रजा न जाहिं सताए” में ‘प्रजा’ के हित को किससे जोड़ा गया है?
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सही उत्तर:B. राजधर्म से
व्याख्या: गोपियाँ कहती हैं कि राजधर्म यही है कि प्रजा को सताया न जाए। वे इसी बात के माध्यम से कृष्ण के व्यवहार पर व्यंग्य करती हैं।